ALL करोना वायरस राजनीति देश/विदेश बस्ती मण्डल उत्तर प्रदेश आयुर्वेद/जीवनशैली सम्पादकीय जय हो जनता की धर्म/,ज्योतिष वीडियो
पौष्टिकता से भरपूर पंजीरी जरूर खाये बच्चे के जन्म के बाद
December 27, 2019 • शैलजा मिश्रा • आयुर्वेद/जीवनशैली

बच्चे के जन्म के बाद न्यू मदर्स को पंजीर खिलायी जाती है। पंजीरी एक पौष्टिक और पारम्परिक भारतीय डिश हैं। इसे, अवसर और ज़रूरत के हिसाब से अलग-अलग तरीकों से तैयार किया जाता है। जैसा कि, यह एक पोस्ट-प्रेगनेंसी डायट में शामिल करने के लिहाज से एक हेल्दी ऑप्शन है। क्योंकि, इसमें ड्राईफ्रूट, डिंक और घी जैसे फूड्स के पौष्टिक गुण भरे होते हैं।

हेल्दी पंजीरी बनाने के लिए इन चीज़ों की ज़रूरत पड़ती है:

200 ग्राम देसी घी
एक किलो गेंहू का आटा
250 ग्राम गुड़ का बुरादा
2 चम्मच डिंक या गोंद
200 ग्राम नारियल का बुरादा
एक चम्मच अजवायन
2 चम्मच सौंफ के बीज
एक कटोरी मखाना या फॉक्सनट
मुट्ठीभर अखरोट
50 ग्राम तरबूज के बीज (मगज या वॉटर मेलन सीड्स)
500 ग्राम मिक्स ड्राई फ्रूट्स (पिस्ता, बादाम, किशमिस और अखरोट)
एक चम्मच इलायची पाउडर
एक चम्मच सूखी अदरक या सोंठ पाउडर
प्रेगनेंसी में हरी मटर खाने से होता है मां और बच्चे का पोषण, जानें इस सब्ज़ी के अन्य फायदे।

पौष्टिक पंजीरी बनाने का तरीका

किसी, मोटे बर्तन को गर्म होने के लिए रखें। इसमें, घी पलटकर पिघलने दें। अब, सभी ड्राई फ्रूट्स को इसमें तल लें। उन्हें, एक तरफ निकाल कर रख दें।
अब, एक दूसरे बर्तन में थोड़ा-सा घी डालें। इसमें, गेहूं के आटे को भून लें। इसे, गोल्डन रंग आने तक पकाना है। ताकि, आटा अच्छी तरह पक जाएं। फिर, इसमें नारियल का बुरादा मिला दें।
फ्राई किए गए ड्राई फ्रूट्स को मिक्सी में डालकर छोटे टुकड़ें करें। इसका, पाउडर ना बनाएं। बल्कि, थोड़े दरदरे ही रखें। फिर, इसमें तरबूज के बीज भी मिला दें।
अब, कड़ाही के आटे में गोंद डाल दें और , हल्की आंच पर धीरे-धीरे उसे पिघलने दें। जब, यह पिघल जाए तो अच्ची तरह आटे में मिलाएं। फिर, आटे में अजवायन और सोंठ पाउडर मिलाएं। गैस की आंच बंद कर दें।
इसमें, गुड़ का पाउडर और सारे ड्राई फ्रूट्स, मखाना और बाकी की सभी चीज़ें डालें। अच्छी तरह उलट-पलट कर सभी चीज़ों को मिक्स करें। ठंडा होने के बाद किसी एयर टाइट डिब्बे में इसे स्टोर करें। पंजीरी को गर्म दूध के साथ खाएं